पत्थलगांव✍️जितेन्द्र गुप्ता
पीएम श्री स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम स्कूल में मेगा पालक शिक्षक सम्मेलन का आयोजन पत्थलगांव पत्थलगांव में आज पीएम श्री स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम स्कूल में मेगा पालक शिक्षक सम्मेलन का आयोजन

पालक शिक्षक बैठक आयोजित किए जाने का मुख्य उद्देश्य पालकों के साथ बेहतर संवाद स्थापित करने उन्हें बच्चों के प्रगति से अवगत कराने एवं बच्चों के भविष्य की संभावनाओं का आकलन कर अभिभावकों के साथ समन्वय स्थापित करना एवं पालको शिक्षक के बीच समाधान के प्रयास किया जाना मुख्य उद्देश्य रहा ।सर्वप्रथम पालक शिक्षक सम्मेलन के मुख्य अतिथि विद्यालय के अध्यक्ष संजय लोहिया ,विशिष्ट अतिथि नगर पंचायत उपाध्यक्ष अजय बंसल ,जितेंद्र गुप्ता, मुकेश अग्रवाल ,पत्रकार ,डॉ बी एल भगत की मौजूदगी में पालक शिक्षक सम्मेलन का आयोजन किया गया।

अतिथियों का विद्यालय परिवार की तरफ से पुष्प गुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया तत्पश्चात माता सरस्वती के चित्र के सामने दीप प्रज्वलित कर माता सरस्वती की वंदना से कार्यक्रम की शुरुआत की गई ।कार्यक्रम में मौजूद सैकड़ो की संख्या में पालक ने अपनी समस्याओं के बारे में शिक्षकों से संवाद किया गया ।आत्मानंद स्कूल के व्याख्याता बरसात पैकरा द्वारा पालक शिक्षक संवाद के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बच्चों को प्रगति एवं परीक्षा पर चर्चा ,बस्ता रहित शनिवार, विद्यार्थियों की आयु कक्षा अनुरूप स्वास्थ्य परीक्षण, पोषण की जानकारी ,जाति आय निवास प्रमाण पत्र के संबंध में विस्तृत चर्चा , विभिन्न प्रकार की प्रतियोगिता परीक्षा छात्रवृत्ति एवं विभागीय योजनाओं की जानकारी व चर्चा पास्को एक्ट 2012 का व्यापक प्रचार प्रसार करना, छात्रों की दिनचर्या के संबंध में अभिभावकों से चर्चा करना ,घर के वातावरण को किस तरह से बच्चों के अनुकूल बनाना, बच्चा बोलेगा बेझिझक के संबंध में चर्चा करना जैसे मुद्दों पर प्रकाश डाला गया।

विघालय समिति के अध्यक्ष संजय लोहिया ने कहा कि हमारे द्वारा बच्चों के प्रति शिक्षक से पूर्व अभिभावक ही बच्चों के प्रथम गुरु होते हैं जिस पर हमें बच्चों का पूरा ध्यान रखना चाहिए बच्चों के पढ़ाई के लिए उचित वातावरण हेतु घर में ही पढ़ाई का एक निश्चित स्थान तय करना चाहिए घर में ऐसे स्थान का चुनाव किया जाना चाहिए जहां रोशनी व प्रकाश उचित मात्रा में मौजूद हो जिससे बच्चों में पढ़ाई के प्रति रूचि विकसित किया जा सके हमें घर में पढ़ाई का स्थान को प्रवेश द्वार से दूर रखना चाहिए ताकि आने-जाने वाले व्यक्तियों से बच्चों की पढ़ाई में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न हो वहीं हर रोज पालक को अपने बच्चों की दिनचर्या सुनिश्चित करना चाहिए व एक समय सारणी बनाकर बच्चों की दिनचर्या का ख्याल रखना चाहिए ।

पालक शिक्षक संवाद के विशिष्ट अतिथि अजय अग्रवाल ने कहा कि हमें बच्चों को प्रतिदिन प्रार्थना के समय आगे आकर बोलने का अवसर प्रदान करना चाहिए इससे छात्र-छात्राओं में सार्वजनिक रूप से अपने विचारों को व्यक्त करने का अवसर प्रदान होता है और उन्हें संकोच दूर होता है। बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ अनुशासन का पाठ भी सबसे पहले अभिभावकों से ही मिलता है शिक्षक तो बच्चों को पढ़ाई के प्रति दिशा देने का काम करते हैं क्योंकि बच्चे ज्यादा समय घर पर ही व्यतीत करते हैं जहां पालक ही बच्चों पर नरम मिट्टी की तरह आकार देने का काम करते हैं जिस तरह मिट्टी को आकार दिया जाएगा उस रूप में ढल जाता है।

पत्रकार जितेंद्र गुप्ता ने कहा कि पालक और शिक्षक दोनों एक सिक्के के दो पहलू हैं पालक शिक्षक के आपस में संवाद से बच्चों के भविष्य को बढ़ाने के लिए काफी मदद साबित होगी। जितनी मेहनत शिक्षक स्कूल में बच्चो को पढ़ाने में करते है उतना ही मेहनत अभिभावकों को भी घर मे उन बच्चो में झरना होता है। तभी बच्चे ज्यादा सफल हो पाएंगे।

आत्मानंद विद्यालय की प्राचार्य तनु सिंह ने कहा कि पालक शिक्षक संवाद के माध्यम से हमारे द्वारा पालकों की आ रही दिक्कत के बारे में जानकारी लेकर उन समस्याओं को दूर करना है साथ ही शासन की योजना छात्रवृत्ति ,आय जाति प्रमाण पत्र, पास्को एक्ट सहित कई प्रकार की जानकारी को पालकों के साथ संवाद के माध्यम से साझा करना है। कार्यक्रम में बच्चों द्वारा नृत्य की शानदार प्रस्तुति पेश की गई जहां बच्चों द्वारा आगंतुक अतिथियों का स्वागत गान गाकर मौजूद लोगों का मन मोह लिया। वहीं गणेश वंदना को नृत्य के माध्यम से छात्राओं द्वारा मनमोहक प्रस्तुति दी गई ।कार्यक्रम में सैकड़ो की संख्या में पालकों की मौजूदगी रही।
























