Advertisement Carousel

प्राथमिक शिक्षा में NEP 2020 के तहत नवीन पाठ्य पुस्तकों पर शिक्षकों का प्रशिक्षण संपन्न…

पत्थलगांव✍️जितेंद्र गुप्ता

प्राथमिक शिक्षा में NEP 2020 के तहत नवीन पाठ्य पुस्तकों पर शिक्षकों का प्रशिक्षण संपन्न

राष्ट्रीय शिक्षा नीति NEP 2020 के क्रियान्वयन में प्राथमिक खंड की पाठ्य पुस्तकों में कई मूलभूत परिवर्तन किए गए हैं। इन परिवर्तनों के अंतर्गत बच्चों के सीखने सिखाने के तरीकों में भी बदलाव किया गया है, ताकि बच्चे सहज, रोचक एवं गतिविधि-आधारित विधियों से अपनी दक्षता बढ़ा सकें।
शासन के आदेश के परिपालन में जिले के प्रत्येक विकासखंड में अलग-अलग ज़ोन का निर्माण कर मास्टर ट्रेनरों के माध्यम से नवीन पाठ्य पुस्तकों पर आधारित प्रशिक्षण आयोजित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य शिक्षकों को नए शिक्षण तरीकों से परिचित कराते हुए केंद्र सरकार की मंशा अनुसार निर्धारित समय-सीमा में नई शिक्षा नीति को प्रभावी रूप से लागू करना है।


इसी क्रम में पत्थलगांव विकासखंड में नवीन पाठ्य पुस्तकों के प्रशिक्षण हेतु तीन ज़ोन—पत्थलगांव ज़ोन, लुडेग ज़ोन एवं कोतबा ज़ोन—का गठन किया गया। इन ज़ोनों में मास्टर ट्रेनरों द्वारा दो चरणों में प्रशिक्षण आयोजित किया गया। प्रथम चरण का आयोजन 15 दिसंबर से 20 दिसंबर तक तथा द्वितीय चरण 6 जनवरी से 10 जनवरी तक संपन्न हुआ।
प्रशिक्षण के दौरान विकासखंड के शिक्षकों को विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से यह बताया गया कि बच्चों को किस प्रकार रोचक एवं सरल ढंग से पढ़ाया जा सकता है। यह प्रशिक्षण जिला शिक्षा अधिकारी के निर्देशन में तथा विकासखंड शिक्षा अधिकारी एवं विकासखंड स्रोत समन्वयक के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।


मास्टर ट्रेनरों द्वारा प्रशिक्षण कार्य संपन्न कराया गया। इसके अतिरिक्त अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के सहयोगी साथियों ने भी प्रशिक्षण को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रशिक्षण के अंतिम दिवस विकासखंड स्तोत्र समन्वयक आदरणीय जगरनाथ पाढी‌ जी के द्वारा सभी शिक्षकों को प्रशिक्षण को अपने तक सीमित न रख‌ बच्चों तक पहुंचाने की बात कही और‌ प्रत्येक विद्यालय में इस प्रशिक्षण को रूचिपूर्ण भाव से शिक्षक उपयोग करते‌ हुये बच्चों का पढ़ाई के स्तर में सुधार करेंगे।
प्रशिक्षण प्राप्त शिक्षकों का कहना है कि शिक्षक संदर्शिका एवं अभ्यास पुस्तिकाओं की सहायता से बच्चों को पढ़ाने में अत्यधिक आनंद आएगा। यह एक सरल, प्रभावी एवं गतिविधि-आधारित तरीका है, जिससे बच्चों की सीखने की क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। शिक्षकों ने भविष्य में भी इस प्रकार के सतत प्रशिक्षण प्राप्त कर बच्चों की दक्षता बढ़ाने हेतु प्रतिबद्धता व्यक्त की।

Abtak News 24
Author: Abtak News 24

Facebook
Twitter
LinkedIn
WhatsApp

जिला शिक्षा अधिकारी नरेंद्र सिन्हा ने संकुल समन्यवक के प्रशिक्षण से पहले लिया बैठक बताया स्कूलों में बच्चो को घर से लेकर स्कूल आने तक उनकी शिक्षा उनके ब्यवहार उनके खेलकूद पे जिम्मेदारी से ध्यान दे ….