पत्थलगांव ✍️जितेन्द्र गुप्ता
आज दिनांक 19 अक्टूबर 2026 दिन सोमवार को गायत्री चेतना केंद्र पत्थल गांव में शारदीय नवरात्र पूर्णाहुति कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
दिनांक 11 अक्टूबर रविवार को शारदीय नवरात्र अखंड दीप स्थापना एवं घट स्थापना सभी गायत्री परिजनों एवं आसपास से पधारे श्रद्धालुओं के मध्य प्रातः 9:00 बजे से 12:00 बजे के मध्य आदरणीय डॉक्टर के के आजाद जी के द्वारा वेद मंत्रोच्चार पूजन के साथ किया गया था ,तत्पश्चात प्रतिदिन प्रातः एवं संध्या आरती हेतु बारी बारी से परिजन चेतना केंद्र आकर अपनी भागीदारी करते रहे इसी दौरान सभी गायत्री परिजन अपने घरों में देव कलश स्थापित कर गायत्री महामंत्र का अनुष्ठान माला जाप के माध्यम से नव दिवसीय साधना का आयोजन भी किया था ।रविवार 18 अक्टूबर को प्रातः 6:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक अखंड जाप का कार्यक्रम सभी परिजनों द्वारा आकर मंदिर में पूर्ण किया गया ।इसी महाअनुष्ठान के पूर्णाहुति के अवसर पर क्षेत्र के सभी श्रद्धालु एवं गायत्री परिजन बहुत ही उत्साहपूर्वक आज प्रातः 8:00 बजे से उपस्थित होकर पंच कुंडी गायत्री महायज्ञ के माध्यम से यह कार्यक्रम संपन्न किया गया। देव मंच पर उपस्थित डॉक्टर के के आजाद ,श्री दिलीप भगत एवं श्री शांतेश्वर यादव जी के द्वारा कर्मकांडी संस्कृत श्लोक एवं युग संगीत गायन कर यज्ञ संपन्न कराया गया ।आज के कार्यक्रम में गायत्री चेतना केंद्र के सम्माननीय वरिष्ठ परिजन आदरणीय गणेश्वर बेहरा जी ,श्री दिलीप भगत जी , डी आर चौहान , शांतेश्वर यादव, तोरेंद्र यादव ,रत्नाकर खूंटिया,दिलीप साहू ,रविशंकर खूंटिया, सखाराम सिदार ,श्रीमती बसंती नामदेव, सोनिया साहू, भीमसेन स्वर्णकार ,ललित कुमार यादव, जयद्रथ यादव ,इंद्रजीत सिदार ,रूपनारायण यादव सभी सपरिवार एवं पूरे क्षेत्र से सम्माननीय परिजन भारी संख्या में उपस्थित होकर यज्ञ में भागीदारी किए।कार्यक्रम के अंत में चेतना केंद्र के परम सम्माननीय व्यवस्थापक श्री पवन अग्रवाल जी के द्वारा आशीर्वचन में सभी परिजनों को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कार्यक्रम की सराहना किया गया विभिन्न क्षेत्रों से पधारे परिजनों की निष्ठा एवं समर्पण को की प्रशंसा करते हुए आपकी एकता में परम पूज्य गुरुदेव आचार्य श्रीराम शर्मा जी के विचार स्पष्ट झलकती नजर आती है कहते हुए संबोधित किया ।सभी परिजनों ने करतल ध्वनि से आदरणीय भाई साहब का सम्मान किया ।अंत में प्रांतीय युवा प्रकोष्ठ सहसमन्वयक डी आर चौहान जी के द्वारा आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम की समापन की घोषणा किया गया एवं आरती पश्चात अखंड दीप दर्शन ,नौ कन्या भोज के बाद महा भंडारा प्राप्त करने का निवेदन किया गया।

























